मंगलवार, 6 मार्च 2012

रंग बिरंगी दिल की वादी .

रंग बिरंगी दिल की वादी ,
धड़कन मेरी हैं उन्मादी .


जल तरंग से भीगी जाऊं ,
भीगे तन को कहाँ छुपाऊं .
मेरे मन की नेह दीवारें 
झेलें रंगों की बौछारें .


तन रंग डाला , मन रंग डाला .
उर में भर दी कैसी ज्वाला !!
घूमूं पग पग मैं फरियादी 
पिया ने ऐसी आग लगा दी .


रंग बिरंगी दिल की वादी ,
धड़कन मेरी हैं उन्मादी .


                  - इमरान .

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